जगराओं,संजीव मल्होत्रा: 1974 में तेल की कृत्रिम कमी और कालाबाजारी के खिलाफ पंजाब वाहीकारा यूनियन के नेतृत्व में हुए विरोध प्रदर्शन के दौरान पुलिस की गोली से शहीद हुए प्यारा सिंह गालिब की याद में आज भारतीय किसान यूनियन एकता (डकौंदा) ने एक श्रद्धांजलि समारोह का आयोजन किया। जगराओं के शेरपुरा रेलवे फाटक पर शहीद हुए गांव गालिब के इस सीरी मजदूर (कृषि मजदूर) की याद में बने स्मारक पर आज उनके बड़े भाई वरियाम सिंह ने लाल झंडा फहराने की क्रांतिकारी रस्म अदा की। इस दौरान "शहीद प्यारा सिंह गालिब अमर रहें" के नारों से आसमान गूंज उठा।
जिला उपाध्यक्ष जगन नाथ संघराओ और ब्लॉक अध्यक्ष जगजीत सिंह कलेर के नेतृत्व में किसानों और मजदूरों ने साम्राज्यवादी लूट और दमन के खिलाफ अपना संघर्ष तेज करने का संकल्प लिया। इंकलाबी केंद्र पंजाब के महासचिव कंवलजीत खन्ना ने शहीद प्यारा सिंह और जमीन माफिया के हाथों शहीद हुए किसान नेता साधु सिंह तख्तूपुरा को श्रद्धांजलि दी। उन्होंने कहा कि आज देश की फासीवादी सरकार को देश बेचने से रोकना सबसे महत्वपूर्ण लड़ाई है। खन्ना ने कहा कि केंद्र सरकार का अमेरिका के साथ व्यापार समझौता देश के कृषि, डेयरी और पोल्ट्री सेक्टर को तबाह कर देगा। उन्होंने बिजली एक्ट, बीज एक्ट के जरिए बुवाई का हक छीनने, मनरेगा योजना खत्म करने और नए श्रम कानून लागू कर मजदूर वर्ग का गला घोंटने की कॉर्पोरेट समर्थक नीतियों की कड़ी आलोचना की।
22 फरवरी को विधायक आवास पर होगा प्रदर्शन: किसानों की मांगों को मजबूती से उठाने के लिए किसान नेताओं ने 22 फरवरी को सुबह 11 बजे स्थानीय हल्का विधायक सरबजीत कौर माणुके के आवास पर धरना देकर ज्ञापन सौंपने का ऐलान किया है।
इस अवसर पर एक प्रस्ताव पारित कर भटिंडा में बीकेयू एकता (उगराहां) के किसानों पर पुलिस द्वारा किए गए लाठीचार्ज और दमन की कड़ी निंदा की गई। साथ ही एसएसपी भटिंडा ज्योति यादव के इस्तीफे की मांग की गई। नेताओं ने बताया कि 10 मार्च को संयुक्त किसान मोर्चा (SKM) द्वारा पुलिस दमन के खिलाफ बरनाला में एक विशाल रैली का आयोजन किया जा रहा है, जिसमें पंजाब भर से हजारों लोग शामिल होंगे। इस मौके पर परिवार सिंह गालिब, कुलवंत सिंह कांता, दर्शन सिंह गालिब सहित भारी संख्या में किसान और मजदूर मौजूद थे।